सोनम वांगचुक भूख हड़ताल: हाईकोर्ट का महत्वपूर्ण आदेश

लद्दाख के प्रसिद्ध पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक २४ दिनों से भूख हड़ताल पर हैं। दिल्ली हाईकोर्ट ने उनके स्वास्थ्य को देखते हुए महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। कोर्ट ने कहा है कि वांगचुक को अपनी पसंद के प्राइवेट अस्पताल में भर्ती किया जाए।

सरकारी अस्पताल में विवाद

पहले उन्हें सरकारी अस्पताल में रखा गया था, जहां परिवार और समर्थकों को मिलने की अनुमति नहीं थी। कई लोगों ने इसे हिरासत की जगह बताया। हाईकोर्ट के आदेश के बाद अब उन्हें प्राइवेट अस्पताल में स्थानांतरित किया जाएगा।

आंदोलन की मांगें

यह भूख हड़ताल NEET पेपर लीक और शिक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़े आंदोलन का हिस्सा है। आंदोलनकारियों की तीन मुख्य मांगें हैं:

  • सोनम वांगचुक को अपनी पसंद के अस्पताल में इलाज की अनुमति
  • शिक्षा मंत्री का इस्तीफा
  • परीक्षा घोटाले से प्रभावित परिवारों को मुआवजा

आंदोलन जारी

हालांकि वांगचुक के इलाज की मांग पूरी हो गई है, लेकिन बाकी मांगों को लेकर आंदोलन जारी है। 'चलो संसद' मार्च के दौरान छात्रों पर पुलिस की लाठीचार्ज और अश्रुधुर की घटनाओं की भी निंदा हो रही है।

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